जनसुराज पार्टी के संस्थापक और चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने वक्फ संशोधन विधेयक को लेकर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर कड़ा बयान दिया।यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुसलमानों का एक बड़ा वर्ग वक्फ विधेयक से खुद को खतरे में महसूस कर रहा है। जब इतिहास इस युग को लिखेगा, तो इस कानून के लिए भाजपा से ज्यादा नीतीश कुमार जैसे नेताओं को दोषी ठहराया जाएगा।प्रशांत किशोर का कहना है कि नीतीश कुमार जैसे नेता अपनी बयानबाजी और राजनीति के बावजूद इस विधेयक के समर्थन में वोट देकर अपने दावों की सच्चाई को नकार रहे हैं।नीतीश कुमार को यह सोचना चाहिए कि वे जो गांधी, लोहिया, और जेपी की बातें करते हैं, क्या वे सचमुच उनका पालन कर रहे हैं?

क्या इस विधेयक को समर्थन देकर वे अपना पाखंड नहीं दिखा रहे?वक्फ संशोधन विधेयक पर संसद में आज चर्चा होगी, और इसके बाद इस पर वोटिंग भी होनी है। यह बिल देश में सत्ताधारी गठबंधन और विपक्ष के बीच एक बड़ा विवाद बन चुका है।केंद्र सरकार ने विधेयक को पास करने के लिए अपने सांसदों को व्हिप जारी किया है, वहीं कुछ सहयोगी दल इस विधेयक में बदलाव की मांग कर रहे हैं।विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के सदस्यों ने बैठक से वॉकआउट किया और सरकार पर उनकी आवाज दबाने का आरोप लगाया, लेकिन सदन में सत्तारूढ़ गठबंधन का संख्याबल मजबूत दिख रहा है।वक्फ संशोधन विधेयक पर सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच बढ़ती तकरार, और प्रशांत किशोर के बयान के बाद बिहार की राजनीति में और भी उथल-पुथल का अनुमान है।