अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे और दान से जुड़े कथित गड़बड़ी मामले की जांच तेज हो गई है। इस बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने स्पष्ट संदेश देते हुए कहा है कि दोषी चाहे कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, कानून के दायरे में लाया जाएगा। उन्होंने बताया कि मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित कर दी गई है और जांच निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि यदि किसी के पास इस मामले से जुड़े सबूत हैं तो वे बिना

किसी डर के जांच एजेंसियों को उपलब्ध कराएं। वहीं जांच के दौरान हीरा जड़ित हार और चरण पादुका को लेकर भी सवाल उठे हैं। सूत्रों के अनुसार, अलग-अलग लोगों के बयानों में विरोधाभास सामने आया है, जिसके आधार पर एसआईटी मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है। फिलहाल जांच जारी है और सभी तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।

