फारस की खाड़ी में भारत की ओर आ रहे 28 जहाज लंगर डाले खड़े हैं और Strait of Hormuz से गुजरने के लिए ईरान की अनुमति का इंतजार कर रहे हैं। इनमें 18 भारतीय ध्वज वाले जहाज शामिल हैं, जबकि 10 विदेशी टैंकर हैं, जो भारतीय बंदरगाहों के लिए कच्चा तेल, एलपीजी और एलएनजी लेकर आ रहे हैं। मंजूरी में देरी से होर्मुज मार्ग की विश्वसनीयता पर सवाल उठने लगे हैं। जहाजरानी उद्योग और भारतीय अधिकारी

हालात पर नजर बनाए हुए हैं, क्योंकि इन जहाजों की आवाजाही देश में ईंधन और गैस की सप्लाई बनाए रखने के लिए बेहद अहम मानी जा रही है।

