हजारीबाग। महान सम्राट अशोक की जयंती के पावन अवसर पर आज जिला परिषद चौक स्थित अशोक स्तंभ के समीप एक भव्य श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में गणमान्य लोगों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं आम नागरिकों ने उपस्थित होकर सम्राट अशोक को श्रद्धा-सुमन अर्पित किए। कार्यक्रम का आयोजन झारखंड स्वतंत्रता सेनानी विचार मंच के केंद्रीय अध्यक्ष बटेश्वर प्रसाद मेहता के नेतृत्व में किया गया। समारोह की शुरुआत अशोक स्तंभ पर फूल-माला चढ़ाकर की गई, जिसके बाद उपस्थित लोगों ने एक-एक कर सम्राट अशोक के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से पूर्व सांसद भुनेश्वर प्रसाद मेहता, राणा राहुल प्रताप सिंह, अजीम अंसारी, अधिवक्ता चंद्र नाथ भाई पटेल, शंकर राणा, मुटुकधारी महतो, प्रो. सुरेंद्र प्रसाद, अनंत आर्य, अर्जुन राम, बालेश्वर मेहता, जय नारायण मेहता, कमल मेहता, अर्जुन मेहता, सत्यप्रकाश मेहता, चूरामन गोप, राजकुमार सोनी, भेखलाल मेहता, अशोक मेहता, परमेश्वर पाण्डेय तथा घनश्याम मेहता सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर सम्राट अशोक की प्रतिमा पर

पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस अवसर पर वक्ताओं ने अपने संबोधन में सम्राट अशोक के जीवन, उनके आदर्शों और उनके द्वारा स्थापित मानवीय मूल्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सम्राट अशोक केवल एक महान शासक ही नहीं, बल्कि शांति, अहिंसा और धर्म के प्रतीक थे। उनके द्वारा अपनाई गई नीतियां आज भी समाज को सही दिशा देने में प्रेरणास्रोत हैं। वक्ताओं ने यह भी कहा कि हजारीबाग में सम्राट अशोक की जयंती का आयोजन होना गर्व और हर्ष का विषय है। इस तरह के कार्यक्रम समाज में इतिहास के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ नई पीढ़ी को अपने महान व्यक्तित्वों से सीखने की प्रेरणा देते हैं। कार्यक्रम का समापन सामूहिक रूप से सम्राट अशोक के आदर्शों को अपनाने और समाज में शांति एवं सद्भाव बनाए रखने के संकल्प के साथ किया गया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों में उत्साह और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला।

