ईरान की राजधानी तेहरान पर अमेरिका और इज़राइल ने बड़ा हमला किया है। अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी के अनुसार, इस हमले में ईरान के करीब 40 ऊर्जा ठिकाने गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त या तबाह हो गए हैं। हमलों के दौरान तेहरान में लगातार विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं। जवाब में ईरान ने भी मध्य पूर्व में अमेरिकी और इजरायली ठिकानों को निशाना बनाने की चेतावनी दी है। होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव के कारण तेल सप्लाई

प्रभावित हुई है, जिससे कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के पार बनी हुई हैं। इस युद्ध का असर वैश्विक बाजारों पर भी दिख रहा है, जहां एशियाई शेयर बाजारों में भारी गिरावट दर्ज की गई है। विशेषज्ञों के मुताबिक, हालात और बिगड़े तो वैश्विक ऊर्जा संकट गहरा सकता है।

