मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर और खंडवा के बीच सफर को आसान और सुरक्षित बनाने के लिए तेजाजीनगर से बलवाड़ा तक करीब 33.40 किमी लंबे 4-लेन मार्ग का निर्माण युद्धस्तर पर जारी है। इस परियोजना की सबसे बड़ी खासियत तीन अत्याधुनिक सुरंगें हैं, जो भेरूघाट, बाईग्राम और चोरल घाट जैसे जोखिम भरे रास्तों को सुरक्षित बना देंगी। इस प्रोजेक्ट पर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) तेजी से

काम कर रहा है। करीब 1000 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह प्रोजेक्ट इंदौर-इच्छापुर कॉरिडोर का हिस्सा है। परियोजना पूरी होने के बाद इंदौर और खंडवा के बीच सफर न केवल छोटा होगा, बल्कि घाटों के बीच से गुजरते हुए ज्यादा सुरक्षित और आरामदायक भी हो जाएगा। साथ ही इससे मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के बीच व्यापारिक और धार्मिक कनेक्टिविटी को भी बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

