
रूस में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों की सुरक्षा एक बार फिर सवालों के घेरे में है। हालिया चाकूबाजी की घटना में चार भारतीय छात्रों के घायल होने के बाद विदेश मंत्रालय के आंकड़ों ने चिंता बढ़ा दी है। आंकड़ों के मुताबिक, विदेशों में भारतीय छात्रों द्वारा दर्ज कराई गई कुल शिकायतों में से 50% से ज्यादा मामले अकेले रूस से सामने आए हैं। बीते तीन सालों में शिकायतें तेज़ी से बढ़ी हैं—2023 में 68, 2024 में 78 और 2025 में 201 मामले दर्ज हुए। हालात को देखते हुए मेडिकल छात्रों के बीच रूस की लोकप्रियता अब तेजी से घट रही है।

