महंगाई के इस दौर में EPS-95 पेंशनर्स की मुश्किलें बढ़ रही हैं। राज्यसभा में सांसद डॉ. मेधा विष्णु कुलकर्णी ने न्यूनतम पेंशन को 1000 रुपये से बढ़ाकर 7500 रुपये करने का मुद्दा उठाया, ताकि बुजुर्गों को जीवनयापन में राहत मिल सके। इस पर श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे ने कहा कि फिलहाल कोई प्रस्ताव या समयसीमा तय नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि EPS-95 पेंशन फंड में नियोक्ता और केंद्र सरकार का योगदान

होता है और पेंशन की दीर्घकालिक वित्तीय स्थिति सुनिश्चित करना जरूरी है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि पेंशन फंड राष्ट्रीय स्तर पर ही प्रबंधित होता है और EPF/EPS सुधारों पर भी विचार जारी है, जिसमें वेतन सीमा बढ़ाने की संभावना शामिल है।

