सड़क सुरक्षा माह के अन्तर्गत पचुवारा नॉर्थ कोल माइंस के कोयला लोडिंग प्वाइंट के समीप सड़क सुरक्षा एवं स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य कोयला परिवहन में संलग्न ट्रक चालकों एवं सहायकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करना तथा उनके स्वास्थ्य की जांच करना था।कार्यक्रम में जिला परिवहन पदाधिकारी मिथलेश कुमार चौधरी, पुलिस उपाधीक्षक जितेंद्र कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी महेशपुर विजय कुमार,अंचलाधिकारी औसाफ खान, मोटरयान निरीक्षक अमित कुमार, जिला सड़क सुरक्षा के टीम उपस्थित रहे। इस अवसर पर जिला परिवहन पदाधिकारी ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। ट्रक चालक सड़क के सबसे महत्वपूर्ण उपयोगकर्ता होते हैं, इसलिए उन्हें संयम, अनुशासन एवं सतर्कता के साथ वाहन चलाना चाहिए। उन्होंने सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग, ओवरटेकिंग से बचने तथा ट्रकों को तिरपाल से ढककर चलाने पर विशेष जोर दिया।कार्यक्रम के दौरान परियोजना प्रभावित ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं को हेलमेट वितरित किए गए। इस

अवसर पर कुल 200 हेलमेट, 200 टी-शर्ट, 200 कैप एवं 200 फर्स्ट एड किट का वितरण किया गया। साथ ही कंपनी द्वारा जिला परिवहन कार्यालय, पाकुड़ को 03 ब्रेथ एनालाइज़र एवं फर्स्ट एड किट प्रदान किए गए, जिससे सड़क सुरक्षा प्रवर्तन को और सुदृढ़ किया जा सके।कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण कंपनी की सीएसआर पहल के तहत अमड़ापाड़ा स्थित कौशल विकास केंद्र के विद्यार्थियों को एलएमवी ड्राइविंग लाइसेंस का वितरण रहा। कंपनी द्वारा शीघ्र ही एचईएमएम सिम्युलेटर स्थापित करने की घोषणा की गई, जिससे परियोजना प्रभावित लोगों को भारी वाहन संचालन का प्रशिक्षण देकर रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जा सकें।कार्यक्रम में कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी दिलीप तमन, पी. वी. शिवचंद्र, चंद्रशेखर एवं याकूब रेड्डी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का सफल संचालन संजय बेसरा, महाप्रबंधक द्वारा किया गया। यह कार्यक्रम सड़क सुरक्षा के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी को सुदृढ़ करने के साथ कौशल विकास एवं सामुदायिक कल्याण के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

