के के एम कॉलेज के बी.एड. विभाग को राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद से पुनः मान्यता प्राप्त हो गई है। यह निर्णय एनसीटीई की पूर्वी क्षेत्रीय समिति की 387वीं बैठक में लिया गया, जो 16 जनवरी 2026 को आयोजित हुई थी। अपीलीय समिति के निर्देश के आलोक में बी.एड. विभाग के प्रकरण की पुनः गहन समीक्षा की गई। इस दौरान कॉलेज प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक अभिलेख एवं दस्तावेज समय पर प्रस्तुत किए गए। दस्तावेजों की प्रामाणिकता एवं प्रासंगिकता की जांचोपरांत एनसीटीई ने पूर्व में प्रदान की गई मान्यता को बहाल करने का निर्णय लिया। इस संबंध में संबद्ध विश्वविद्यालय को भी आवश्यक सूचना देने का निर्देश जारी किया गया है।इस उपलब्धि के पीछे प्राचार्य डॉ. युगल झा एवं बी.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. महबुब आलम के नेतृत्व में शिक्षण एवं शिक्षकेत्तर कर्मचारियों की अहम भूमिका रही। पूरी टीम ने आपसी समन्वय के साथ एनसीटीई के सभी मानकों एवं दिशानिर्देशों का विधिवत अनुपालन सुनिश्चित किया।बी.एड. विभाग के शिक्षण स्टाफ में डॉ. मनोहर कुमार, हिमांशु शेखर महाकुर, आत्रयी सरकार, इंद्रनील सरकार, चंद्र ज्ञान तिर्की, डॉ. सुनील कुमार गुप्ता, डॉ.

फ्रेडरिक केरकेट्टा, डॉ. आशीष कुमार भारती, कुलदीप पासवान, प्रीतम अविनाश, डॉ. हरिश कुमार पांडेय, सत्यार्थ गौतम, कविता कुमारी, संगीता तिर्की एवं डॉ. देओप्रिया सरकार शामिल हैं।गैर-शिक्षण कर्मचारी में अचिंतो कुमार चौबे का योगदान विशेष रूप से सराहनीय रहा, जिन्होंने मान्यता से संबंधित कागजी कार्यों को पूरा किया। इस पूरी प्रक्रिया में कई सरकारी अधिकारियों का भी महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ, जिनके मार्गदर्शन एवं सहयोग से सभी औपचारिकताएं सुचारु एवं समय पर पूर्ण की जा सकीं। कॉलेज प्रशासन ने सभी सहयोगी अधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त किया है।मान्यता की बहाली पर प्राचार्य डॉ. युगल झा एवं विभागाध्यक्ष डॉ. महबुब आलम ने सभी शिक्षक, शिक्षकेत्तर कर्मचारी एवं छात्र छात्राओं को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से बी.एड. विद्यार्थियों का भविष्य सुरक्षित हुआ है और केकेएम कॉलेज गुणवत्तापूर्ण शिक्षक शिक्षा प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध रहेगा।एनसीटीई के इस निर्णय से के के एम कॉलेज सहित पूरे क्षेत्र के शिक्षा जगत में हर्ष एवं उत्साह का वातावरण है।

