यूजीसी के नए नियमों को लेकर देशभर में विरोध तेज होता जा रहा है। छात्र संगठनों और युवाओं का कहना है कि यह नियम छात्रों के हितों के खिलाफ हैं और इसे “काला कानून” बताया जा रहा है। इसी कड़ी में लखनऊ यूनिवर्सिटी में भी छात्रों ने धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया है। प्रदर्शन कर रहे छात्रों का आरोप है कि यूजीसी के नए नियम शिक्षा व्यवस्था में असमानता बढ़ाएंगे और छात्रों के अधिकारों को कमजोर करेंगे। छात्रों ने हाथों में

तख्तियां लेकर नारेबाजी की और सरकार से इन नियमों को तुरंत वापस लेने की मांग की। छात्र नेताओं का कहना है कि जब तक यूजीसी के नियमों को रद्द नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। वहीं, विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्थिति पर नजर बनाए रखने की बात कही है। देश के कई अन्य विश्वविद्यालयों में भी यूजीसी नियमों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन देखने को मिल रहे हैं, जिससे यह मुद्दा अब राष्ट्रीय स्तर पर तूल पकड़ता जा रहा है।

