दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में रविवार को संविधान की रक्षा और कथित वोट चोरी के विरोध में कांग्रेस पार्टी द्वारा ‘वोट चोर–गद्दी छोड़’ रैली का आयोजन किया गया। इस रैली में झारखंड कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में शामिल हुए। रैली में देश के विभिन्न राज्यों से आए लोगों ने भाग लिया और निष्पक्ष चुनाव, पारदर्शिता तथा संवैधानिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प दोहराया। कांग्रेस नेताओं ने जनसभा को संबोधित करते हुए लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वतंत्रता बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया। कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया कि ‘वोट चोरी’ लोकतंत्र पर सीधा हमला

है, जिसे भाजपा और चुनाव आयोग की कथित मिलीभगत से अंजाम दिया जा रहा है। पार्टी नेताओं ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता और विश्वसनीयता बनाए रखना लोकतंत्र की मूल शर्त है। रैली के दौरान संविधान की रक्षा, मतदाता अधिकारों की सुरक्षा और चुनावी पारदर्शिता को लेकर नारे लगाए गए। कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार से इन आरोपों पर जवाब देने और लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग की।

