बिहार सरकार ने नई सड़क मरम्मत नीति लागू की है, जिसके तहत राज्यभर में करीब 19,000 किलोमीटर स्टेट हाईवे और जिलों की प्रमुख सड़कों की देखरेख चुनी गई एजेंसियों को सात साल तक दी जाएगी। पथ निर्माण विभाग ने इस योजना पर लगभग 23,000 करोड़ रुपये खर्च करने का अनुमान लगाया है। नीति के अनुसार, यदि कोई एजेंसी काम में लापरवाही करती है, तो उसकी भुगतान राशि में

40% तक की कटौती की जा सकती है। सरकार का उद्देश्य लंबी अवधि तक सड़कों की गुणवत्ता बनाए रखना और यातायात सुगमता सुनिश्चित करना है।

