देश के कॉर्पोरेट जगत में सहारा इंडिया और अडानी ग्रुप के बीच 1 लाख करोड़ रुपये की बड़ी प्रॉपर्टी डील चर्चा में है। रिपोर्ट्स के अनुसार, सहारा अपनी 88 प्रमुख संपत्तियां अडानी प्रॉपर्टीज को बेचने की योजना बना रहा है। इस सौदे का मकसद सहारा के पुराने बकायों और निवेशकों के फंसे पैसे को चुकाना है। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान सहारा समूह की ओर से वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने अदालत को बताया कि अडानी ग्रुप के साथ एक टर्म शीट पर हस्ताक्षर हो चुके हैं। बताया जा रहा है कि एम्बे वैली जैसी हाई-प्रोफाइल

संपत्तियां भी इस डील का हिस्सा हैं। सहारा चाहता है कि उसकी बाकी संपत्तियां भी इस सौदे में शामिल हों और इसे कानूनी व नियामक संरक्षण मिले, ताकि निवेशकों के हित सुरक्षित रखे जा सकें।

