डॉ. तिवारी ने कहा कि, “संस्था का उद्देश्य बिहार को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि हमारा प्रदेश देश के विकास में एक सशक्त भूमिका निभा सके। वर्षों से हमने विभिन्न संगठनों के साथ मिलकर कार्य किया, लेकिन दुर्भाग्यवश कई संस्थाएं केवल निजी लाभ के उद्देश्य से काम कर रही थीं। ऐसे में जब हमें ‘लेट्स इंस्पायर बिहार’ जैसी निष्पक्ष और समाज-उन्मुख संस्था से जुड़ने का अवसर मिला, तो हमने निर्णय लिया कि अब से हमारा हर प्रयास इस आंदोलन के अंतर्गत ही होगा।” उन्होंने आगे कहा कि ‘लेट्स इंस्पायर बिहार’ जाति, धर्म, राजनीति या व्यक्तिगत स्वार्थ से परे केवल राज्य और देश के विकास के लिए समर्पित है। इसी भावना के साथ आर्श हेल्थ इंडिया फाउंडेशन ने अपने सभी चिकित्सा, ग्रामीण और सामाजिक मंचों को इस अभियान से जोड़ने का निर्णय लिया है। संस्था का लक्ष्य है कि आने वाले समय में राज्य के लगभग 2 लाख सामाजिक और स्वास्थ्य कार्यकर्ता “लेट्स इंस्पायर बिहार” के अंग बनेंगे और समाज में जागरूकता फैलाने का कार्य करेंगे।

30 नवंबर को आयोजित होने वाले इस राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े अनेक वरिष्ठ चिकित्सक, शिक्षाविद, सामाजिक कार्यकर्ता, और विभिन्न जिलों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। इस समारोह में समाजसेवा, स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित भी किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य है — बिहार को शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना युवाओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं को एकजुट कर राज्य निर्माण में उनकी भूमिका को सशक्त करना समाज में जागरूकता और सेवा की भावना को प्रोत्साहित करना। अंत में डॉ. आलोक कुमार तिवारी ने कहा कि — “अगर हम सब मिलकर एक लक्ष्य के तहत कार्य करें, तो बिहार न केवल सशक्त राज्य बनेगा बल्कि भारत के विकास का अग्रणी प्रदेश भी साबित होगा। आइए, हम सब एकजुट होकर ‘लेट्स इंस्पायर बिहार’ के साथ कदम से कदम मिलाएं और अपने प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएं। बाईट-एडवोकेट डॉक्टर आलोक तिवारी भिजुवल-

