जाने-माने अर्थशास्त्री साजिद जेड चिनॉय ने दुनिया और भारत की अर्थव्यवस्था पर अपनी राय रखी है। जेपी मॉर्गन के एमडी और चीफ इंडिया इकनॉमिस्ट का मानना है कि अमेरिका व्यापार सौदों में चाहे कितनी भी प्रगति करे, ग्लोबल अर्थव्यवस्था को कुछ दर्द का अनुभव होगा। भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता के बीच चिनॉय का मानना है कि संकट में हमेशा अवसर होते हैं। वैश्विक अर्थव्यवस्था में सप्लाई चेन का पुनर्गठन हो रहा है। अमेरिका के कई देशों के साथ द्विपक्षीय सौदे करने के बावजूद यूनिवर्सल टैरिफ और कुछ क्षेत्रों पर शुल्क वैश्विक विकास को धीमा कर सकते हैं। लेकिन, ये भारत के लिए बड़े निर्यात-आधारित विकास का अवसर पैदा कर सकते हैं।

ग्लोबल वैल्यू चेन में भारत के पास चीन की गद्दी पर बैठने का मौका है। चिनॉय भारत को स्थिरता, पारदर्शिता और सुधार का प्रतीक बनने की सलाह देते हैं। उन्होंने घरेलू उद्योगों को संरक्षण देने के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी है। साजिद जेड चिनॉय के अनुसार, वैश्विक अर्थव्यवस्था में उथल-पुथल मची हुई है। उनका कहना है कि “संकट में हमेशा अवसर छिपे होते हैं।” यही हम व्यापक वैश्विक दृष्टिकोण से देख रहे हैं।’ उनके अनुसार यह परिवर्तनकारी है क्योंकि हम सप्लाई चेन को इस तरह से पुनर्गठित होते हुए देख रहे हैं जैसा कि पिछले 20 या 30 वर्षों में नहीं हुआ है।

