मदद करने के लिए पैसा नहीं दिल बड़ा होना चाहिए, इस कथन को अज़हर इस्लाम ने उस समय अक्षरशः चरितार्थ किया जब उनके पास सदर प्रखंड के पृथ्वीनगर पंचायत का एक गरीब परिवार अपनी बेटी की शादी में आ रहे आर्थिक समस्या को लेकर पहुँचा। पिता ने बताया कि उनकी बेटी की शादी आर्थिक तंगी के कारण रुकी हुई है।

परिस्थिति की गंभीरता को देखते हुए अजहर इस्लाम ने उनकी बेटी की शादी का संपूर्ण खर्च खुद वहन करने का फैसला किया। इस निमित्त उन्होंने निजी खर्च पर विवाह हेतु कपड़े व अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराया। इस बाबत अजहर इस्लाम ने बताया कि हर गमगीन चेहरे पर मुस्कान लाना ही सच्ची मानव सेवा है और इसी की छोटी सी कोशिश उन्होंने की है और आगे भी करते रहेंगे। उन्होंने बेटी की सुखी संपन्न वैवाहिक जीवन की कामना की । इस कार्य के लिए स्थानीय लोगों ने उनकी सराहना की।

