बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष और राजस्व मंत्री दिलीप जायसवाल ने आज कैबिनेट मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है। दिलीप जायसवाल ने कहा कि “एक व्यक्ति, एक पद” के सिद्धांत के तहत वह यह कदम उठा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वह केंद्रीय नेतृत्व के आभारी हैं, जिन्होंने उन्हें पार्टी की राज्य इकाई की जिम्मेदारी दी। कैबिनेट विस्तार को लेकर दिलीप जायसवाल ने कहा कि यह मुख्यमंत्री का विशेषाधिकार है, और उन्होंने इस पर अधिक जानकारी देने से परहेज किया। फिलहाल, वह अपने पद से इस्तीफा दे रहे हैं। वहीं, बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की। सम्राट चौधरी ने बीजेपी कोटे के मंत्रियों को अपने आवास पर मीटिंग के लिए बुलाया है, जिसमें बैठक के लिए नेता पहुंचने शुरू हो गए हैं। सूत्रों के अनुसार, बिहार में आज शाम चार बजे मंत्रिमंडल का विस्तार हो सकता है, जो बजट सत्र से पहले होगा। 6 विधायकों को मंत्री बनाए जाने की संभावना है। मंगलवार को नीतीश कुमार और जेपी नड्डा के बीच मंत्रिमंडल विस्तार पर सहमति बनी

थी। बिहार बीजेपी प्रभारी विनोद तावड़े आज दिल्ली जाएंगे, जहां वह बीजेपी द्वारा तय नामों की सूची लेकर जाएंगे। दिल्ली से नामों पर अंतिम मुहर लगने के बाद उन्हें नीतीश कुमार के पास भेजा जाएगा। मंत्रिमंडल विस्तार में जातीय और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व को ध्यान में रखते हुए कुछ नए चेहरे शामिल किए जा सकते हैं। भाजपा से तीन-चार और जेडी(यू) से दो-तीन नए मंत्री बन सकते हैं। उच्च जातियों से एक-एक राजपूत और भूमिहार समुदाय के प्रतिनिधि हो सकते हैं, और अत्यंत पिछड़ी जातियों से दो मंत्री बनाए जा सकते हैं। बिहार के मंत्रिमंडल में अब तक 30 मंत्री हैं, और संवैधानिक रूप से 36 मंत्री तक हो सकते हैं। कैबिनेट विस्तार में जातीय संतुलन का खास ध्यान रखा जाएगा, और यह राज्य के आगामी विधानसभा चुनावों के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है।