बैंककारी विधियां (संशोधन) विधेयक 2024 को लोकसभा में पारित किया गया है, जिसमें प्रमुख बदलावों में बैंक खातों में नॉमिनी की संख्या बढ़ाकर 4 करने, सहकारी बैंकों के निदेशकों का कार्यकाल बढ़ाने, और नकद भंडार (कैश रिजर्व) की परिभाषा में बदलाव शामिल हैं।

विधेयक में सहकारी बैंकों के निदेशकों पर समान नियुक्तियों के प्रतिबंध और ऑडिटरों के पारिश्रमिक को बैंकों के अधिकार में देने का प्रावधान भी है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भारत की बैंकिंग व्यवस्था को मजबूत और स्थिर बताया, साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बैंकिंग क्षेत्र की प्रगति की सराहना की।