जिला कांग्रेस कार्यालय में बुधवार को इंडिया गठबंधन के घटक दलों की संयुक्त प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इसमें कांग्रेस के जिला अध्यक्ष श्रीकुमार सरकार, प्रदेश कोऑर्डिनेटर उदय लखवानी, आरजेडी के जिलाध्यक्ष महावीर मड़ैया समेत गठबंधन के नेताओं ने एसआईआर के तहत मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने को लेकर केंद्र सरकार और निर्वाचन प्रक्रिया पर सवाल उठाए। नेताओं ने आरोप लगाया कि एसआईआर के माध्यम से करीब 13 करोड़ मतदाताओं के नाम हटाने की प्रक्रिया लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि इससे चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठते हैं और इसका लाभ भाजपा को मिलने की आशंका है। इंडिया गठबंधन के नेताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कार्यशैली का विरोध करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों और मतदाताओं के हितों की रक्षा

के लिए गठबंधन सड़क से लेकर लोकतांत्रिक मंच तक आवाज उठाएगा। इसी क्रम में 8 अक्टूबर को शिवू सोरेन चौक से समाहरणालय तक विरोध मार्च निकालने की घोषणा की गई। मार्च में कांग्रेस, झामुमो, आरजेडी समेत इंडिया गठबंधन के घटक दलों के कार्यकर्ता और समर्थक शामिल होंगे। नेताओं ने गठबंधन कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों से बड़ी संख्या में मार्च में शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची से नाम हटाने जैसे गंभीर मामलों में पारदर्शिता जरूरी है, ताकि प्रत्येक पात्र नागरिक के मताधिकार की रक्षा सुनिश्चित हो सके। प्रेस वार्ता में प्रखंड अध्यक्ष मानसारुल हक, जिला उपाध्यक्ष असद हुसैन, प्रमोद डोकानिया, अल्पसंख्यक जिलाध्यक्ष शाहीन परवेज, ओबीसी जिलाध्यक्ष अमीर हमजा उर्फ मिस्टर शेख, पप्पू गंगवानी, ए. गांगुली, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष बेलाल शेख, सेमिनूल इस्लाम, कृष्णा यादव, सेलिम मंसूरी, नजरुल अंसारी, मिथुन मरांडी, नज़रुल इस्लाम समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
