पैसों की कमी अब मासूमों के इलाज में रुकावट नहीं बनेगी। झारखंड सरकार ने गंभीर जन्मजात हृदय रोग से जूझ रहे 26 बच्चों के मुफ्त इलाज की जिम्मेदारी उठाई है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की पहल पर बच्चों का दूसरा जत्था सोमवार को कोच्चि स्थित अमृता अस्पताल के लिए रवाना हुआ। यहां बच्चों की जटिल हृदय सर्जरी और अत्याधुनिक चिकित्सा की जाएगी। सरकार के मुताबिक, प्रत्येक बच्चे के इलाज पर करीब 10 लाख रुपये तक का खर्च राज्य सरकार वहन करेगी।

इन बच्चों में दिल में छेद और अन्य गंभीर जन्मजात हृदय संबंधी समस्याएं बताई गई हैं। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए महंगे इलाज का खर्च बड़ी चुनौती होता है। सरकार का कहना है कि पैसे के अभाव में किसी जरूरतमंद बच्चे का इलाज नहीं रुकेगा। इससे पहले बच्चों का पहला बैच भी कोच्चि भेजा गया था, जिनका इलाज पूरा होने के बाद वे घर लौट चुके हैं।