पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के अंतरिम आदेश को लेकर कड़ा विरोध जताया है। 18 सितंबर को कोलकाता में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि वह चुनाव आयोग के फैसले के आगे नहीं झुकेंगी और इसे भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का “काला दिन” बताया। चुनाव आयोग ने टीएमसी के मूल नाम और चुनाव चिन्ह के इस्तेमाल पर अंतरिम रोक लगाते हुए दोनों प्रतिद्वंद्वी गुटों को अलग-अलग नाम और चुनाव चिन्ह आवंटित किए हैं।

ममता बनर्जी ने बताया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने उनसे फोन पर बात की थी और उन्होंने INDIA गठबंधन में एकजुटता की बात कही। उन्होंने नंदीग्राम उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन देने का ऐलान किया। उन्होंने असम में भी कांग्रेस को समर्थन देने की बात कही। साथ ही उन्होंने कहा कि वह चुनाव आयोग के आदेश को चुनौती देंगी और पार्टी के नाम-चिह्न को लेकर लड़ाई जारी रखेंगी।

