पूर्व मंत्री सह विधान परिषद सदस्य संतोष सिंह ने मौजूदा आरक्षण व्यवस्था की आर्थिक आधार पर समीक्षा किए जाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जिस तरह आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग यानी EWS के लिए आर्थिक आधार पर आरक्षण का प्रावधान किया गया है, उसी तरह वर्तमान आरक्षण व्यवस्था की भी समीक्षा होनी चाहिए, ताकि जरूरतमंद लोगों को इसका लाभ मिल सके। संतोष सिंह ने कहा कि नेताओं को जाति और पार्टी की राजनीति से ऊपर उठकर समाज और देशहित में

विचार करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेता देशहित के बजाय पाकिस्तान के एजेंडे पर काम करते हैं। उन्होंने सभी राजनीतिक नेताओं से जाति और दलगत राजनीति से ऊपर उठकर राष्ट्रहित को प्राथमिकता देने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प ‘सबका साथ, सबका विकास’ है और इसी भावना के अनुरूप समाज के सभी वर्गों के विकास के लिए काम किया जाना चाहिए।

