केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने जानकारी दी है कि भारत सरकार, असम सरकार और नागालैंड सरकार के बीच एक ऐतिहासिक त्रिपक्षीय समझौता ज्ञापन यानी MoU पर हस्ताक्षर हुए हैं। इस समझौते के साथ पूर्वोत्तर में दशकों से चले आ रहे एक महत्वपूर्ण विवाद के समाधान का रास्ता खुल गया है। इस समझौते से क्षेत्र में तेल और गैस के अन्वेषण एवं विकास कार्यों को गति मिलेगी,

जिससे आर्थिक गतिविधियों और रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है। अमित शाह ने इसे भारत की एकता और सहकारी संघवाद का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि दोनों राज्यों ने आपसी विवादों को पीछे छोड़कर प्रधानमंत्री Narendra Modi के ऊर्जा आत्मनिर्भर भारत के विजन को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस समझौते को पूर्वोत्तर के विकास और स्थिरता के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

