झारखंड के लिए गर्व का एक ऐतिहासिक पल सामने आया है। महज 7 साल की उम्र में नन्हे इशांक ने वो कर दिखाया, जो बड़े-बड़े तैराकों के लिए भी चुनौती माना जाता है। इशांक ने पाल्क जलडमरूमध्य को पार करते हुए इतिहास रच दिया है। करीब 29 किलोमीटर लंबे इस समुद्री मार्ग को पार कर उन्होंने न सिर्फ एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया, बल्कि पूरे देश का मान भी बढ़ाया है।

यह उपलब्धि उनके अनुशासन, कड़ी मेहनत और लक्ष्य के प्रति अटूट समर्पण का नतीजा है। इतनी कम उम्र में इस तरह की सफलता हासिल करना अपने आप में एक मिसाल है। इशांक की इस कामयाबी पर उनके परिवार, कोच और पूरे झारखंड में खुशी की लहर है। हम भी इशांक को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए ढेरों बधाई देते हैं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हैं।

