प्रोजेक्ट परख के अंतर्गत सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जिले के 29 छात्र छात्राओं को उपायुक्त मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी एवं अपर समाहर्ता जेम्स सुरीन द्वारा सम्मानित किया गया। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि परीक्षा केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जीवन में संभावनाओं के द्वार खोलने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि हर विद्यार्थी की परिस्थितियां अलग होती हैं, लेकिन सही शिक्षा, सकारात्मक माहौल, अभिभावकों का आशीर्वाद और गुरुजनों का मार्गदर्शन सफलता की राह तय करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को मेहनत, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हुए कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के लिए इन मूल्यों का होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को अति आत्मविश्वास से बचने और निरंतर अध्ययन पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी। उपायुक्त ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि सफलता केवल अंकों से नहीं मापी जाती, बल्कि यह भी महत्वपूर्ण है कि छात्र ने किन परिस्थितियों और चुनौतियों का सामना करते हुए यह उपलब्धि हासिल की है। हर बच्चे की सफलता में उसके शिक्षकों, अभिभावकों

और मार्गदर्शकों का महत्वपूर्ण योगदान होता है। उन्होंने कहा कि यदि किसी छात्र ने अपने अंकों में सुधार किया है, तो वह भी प्रशंसा का पात्र है। उपायुक्त ने विद्यार्थियों को कक्षा 11 में प्रवेश के साथ आने वाली चुनौतियों के प्रति सजग रहने की सलाह देते हुए कहा नई कक्षा एक नई शुरुआत होती है, जहां मेहनत, अनुशासन और सही मार्गदर्शन ही सफलता दिलाते हैं। उन्होंने मोबाइल से दूरी बनाकर पढ़ाई पर ध्यान देने, अति-आत्मविश्वास से बचने और करियर का चयन अपनी रुचि एवं क्षमता के अनुसार करने की सलाह दी। करियर में आगे बढ़ने के लिए हर सीढ़ी को समझदारी से पार करना जरूरी है। उपायुक्त ने अभिभावकों से भी अपील किया कि वे बच्चों को प्रोत्साहित करें और उनकी रुचि के अनुरूप आगे बढ़ने में सहयोग करें। मौके पर जिला शिक्षा पदाधिकारी अनीता पुरती, अंचलाधिकारी अरबिंद कुमार बेदिया, एडीपीओ पीयूष कुमार उपस्थित रहे

