उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने इंडिया एआई समिट में भाग ले रहे मुख्य कार्यकारी अधिकारियों और प्रतिनिधिमंडलों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि यह बैठक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विभिन्न पहलुओं और इसके सामाजिक-आर्थिक प्रभावों को समझने का महत्वपूर्ण अवसर रही। उपराष्ट्रपति ने बताया कि बैठक के दौरान मुख्य कार्यकारी अधिकारियों ने स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में AI की परिवर्तनकारी क्षमता पर जोर

दिया। उन्होंने कहा कि AI के माध्यम से इन क्षेत्रों में नई संभावनाएँ खुल रही हैं और इससे समाज के कमजोर वर्गों तक बेहतर सेवाएँ पहुँचाने में मदद मिलेगी। सीपी राधाकृष्णन ने इस अवसर पर उद्योग और नीति निर्माताओं को सहयोग बढ़ाने और AI के नैतिक एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर भी ध्यान आकर्षित किया। उपराष्ट्रपति ने यह भी कहा कि भारत डिजिटल नवाचार में अग्रणी बनने के रास्ते पर है, और AI इस यात्रा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

