आगरा से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। भाजपा नेता और पूर्व आगरा नगर निगम सभापति जगदीश पचौरी ने यूजीसी कानून के विरोध में अपने ही खून से प्रधानमंत्री को पत्र लिखा। इस चिट्ठी में जगदीश पचौरी ने यूजीसी कानून के दूरगामी दुष्प्रभावों को उजागर किया और कानून में तत्काल संशोधन की मांग की। उनका कहना है कि इस कानून की आड़ में कुछ जाति विशेष के लोग सवर्ण छात्रों को परेशान कर सकते हैं। ऐसे

आरोपों के चलते मेधावी छात्रों का भविष्य बर्बाद हो सकता है। भाजपा नेता ने चेतावनी दी है कि यदि यूजीसी कानून में बदलाव नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में सामाजिक तनाव और गृह युद्ध जैसे हालात बन सकते हैं। इस कदम के बाद चर्चा गर्म हो गई है और शिक्षा नीति पर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर बहस तेज हो गई है।
