जमात-ए-इस्लामी के सदस्यों ने एक हिंदू लड़की पर ठंडा पानी डालकर हमला किया। घटना के दौरान आसपास खड़े लोग इसे देखते रहे, लेकिन कोई हस्तक्षेप नहीं किया। इस मामले ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों की सुरक्षा और धार्मिक सहिष्णुता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा की अपील की जा रही है।

