अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) को 2030 तक रिटायर करने का फैसला लिया गया है। करीब तीन दशकों तक विज्ञान और अंतरिक्ष के क्षेत्र में अहम योगदान देने वाले ISS ने इस दौरान पृथ्वी की निचली कक्षा में कई महत्वपूर्ण प्रयोग और अनुसंधान किए हैं। ISS के शोध से स्वास्थ्य, कृषि, जल और ऊर्जा सहित कई क्षेत्रों में नई तकनीकें विकसित हुई हैं। अंतरिक्ष एजेंसियों ने बताया कि 2030 के बाद ISS के

ऑपरेशन को बंद कर दिया जाएगा, लेकिन इसके अनुसंधान और योगदान की विरासत भविष्य के अंतरिक्ष मिशनों और तकनीकी विकास में काम आएगी।

