झारखण्ड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दुमका में झारखण्ड फ्लाइंग इंस्टिट्यूट का उद्घाटन कर राज्य के युवाओं को समर्पित किया। इस संस्थान में अब युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर कमर्शियल पायलट बन सकेंगे। चयन प्रक्रिया प्रतियोगिता परीक्षा के जरिए होगी और 30 युवाओं को प्रशिक्षण मिलेगा, जिनमें 15 आरक्षित वर्ग के छात्रों को 100% स्कॉलरशिप प्रदान की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह संस्थान आदरणीय गुरु शिबू सोरेन की परिकल्पना का साकार रूप है, जिससे झारखण्ड के युवाओं को राज्य में ही पायलट प्रशिक्षण मिलने का अवसर मिलेगा। उन्होंने यह भी बताया कि पूर्व में राजनीतिक

विरोध और संसाधनों की कमी के कारण इस परियोजना को आगे बढ़ाना कठिन रहा। उन्होंने आश्वस्त किया कि झारखण्ड सरकार सीमित संसाधनों के बावजूद युवाओं के भविष्य के लिए लगातार काम कर रही है। फ्लाइंग इंस्टिट्यूट आने वाले वर्षों में राज्य के युवाओं के लिए करियर और रोजगार का नया मार्ग खोलेगा, जिससे झारखण्ड के युवा अंतरराष्ट्रीय मानकों के पायलट बन सकेंगे।

