दिल्ली क्राइम ब्रांच की साइबर सेल ने बड़ी सफलता हासिल की है। इंटरस्टेट इन्वेस्टमेंट फ्रॉड रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए चार मुख्य आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। जानकारी के अनुसार, देशभर में 67 से अधिक FIRs और शिकायतों के लिंक पाए गए हैं। फर्जी इन्वेस्टमेंट प्लेटफॉर्म के जरिए पीड़ितों से ₹49.35 लाख की ठगी हुई,

जबकि म्यूल अकाउंट्स और फेक बैंक अकाउंट्स के ज़रिए करोड़ों की धोखाधड़ी हुई। कुल ठगी का आंकड़ा ₹10 करोड़ से अधिक बताया जा रहा है। क्राइम ब्रांच की टीम ने इस अंतरराज्यीय नेटवर्क को तोड़ते हुए मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस कामयाबी के लिए टीम के इंस्पेक्टर संदीप सिंह, एसीपी अनिल शर्मा और डीसीपी आदित्य गौतम की सराहना की जा रही है।

