
चंडीगढ़ में पंजाब यूनिवर्सिटी एक बार फिर छात्र आंदोलन की वजह से सुर्खियों में है। सीनेट चुनावों की घोषणा की मांग को लेकर सोमवार को छात्रों ने यूनिवर्सिटी गेट पर जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों के विरोध को देखते हुए प्रशासन ने कैंपस और आसपास के इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात किया है। ‘पंजाब यूनिवर्सिटी बचाओ मोर्चा’ के बैनर तले छात्र विश्वविद्यालय के शासी निकाय — सीनेट और सिंडिकेट — के पुनर्गठन के फैसले को वापस लेने की मांग कर रहे हैं। हालांकि शिक्षा मंत्रालय ने 7 नवंबर को अपना आदेश वापस ले लिया, लेकिन छात्रों ने आंदोलन खत्म करने से इनकार कर दिया है। उन्होंने “विश्वविद्यालय बंद” का आह्वान किया है और सरकार पर चुनाव की तारीख घोषित करने का दबाव बढ़ा दिया है। कैंपस में प्रवेश केवल पहचान पत्र धारकों को ही दिया जा रहा है, जबकि सोमवार और मंगलवार को छुट्टी की घोषणा की गई है। वहीं, आम आदमी पार्टी, कांग्रेस, अकाली दल और किसान संगठनों के नेताओं ने आंदोलन कर रहे छात्रों को अपना समर्थन दिया है। छात्र संगठनों का कहना है कि जब तक सीनेट चुनावों की तारीख तय नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।

