कालियाचक, मालदा निवासी खैरूल आलम की पैंसठ वर्षीय माता राबिया बीबी कोमा पेशेंट थी, जिसके बेहतरीन इलाज हेतु उनके पुत्र खैरूल ने मां को मालदा के अपोलो में भर्ती कराया लेकिन 70 हजार रूपए खर्च करने के बाद भी मां के स्वास्थ्य में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।

खैरुल ने पाकुड़ के एक्यूपंक्चर विशेषज्ञ डाक्टर अशोक साहा के बारे में सुन रखा था। उन्होंने अशोक साहा से अपनी मां के बाबत बात की एवं मां को लेकर पाकुड़ पहुंचे। इस बाबत खैरूल ने बताया कि तीन दिन के एक्यूपंक्चर विधि से इलाज कराने के बाद उनकी मां में काफी सुधार आया है।

