शुक्रवार शाम को मोथा चक्रवात तूफान का असर पाकुड़ जिले वासियों को देखने को मिला। हालांकि चक्रवात का असर दो दिन पूर्व से ही है मगर शुक्रवार शाम को तेज हवाओं के साथ इतनी जोरदार बारिश हुई कि किसानों के लहराते धान की फसले बर्बाद हो गई। अधिकतर खेतों में धान की फसलें गिर गई थी जिससे धान की फसल होने की कम उम्मीद जताई

जा रही है। वही कई किसानों ने बताया कि धान में बालियां आई हुई है और धान की फसल बन ही रही थी कि चक्रवर्ती तूफान ने सब तहस नहस कर दिया। किसानों ने बताया कि खेतों में धान के साथ-साथ मसूर, खेसारी, चना, आलू भी लगाई गई थी जो देखते-देखते इस चक्रवर्ती तूफान ने फसल को निगल लिया।

