उपायुक्त की अध्यक्षता में नार्कोटिक्स समन्वय समिति (NCORD) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक सहित सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।बैठक में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत दर्ज मामलों, नशीले पदार्थों की अवैध खेती, तस्करी एवं बिक्री पर की गई कार्रवाई की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने कहा कि नशे के विरुद्ध प्रशासनिक सतर्कता और सख्ती दोनों जरूरी हैं। उन्होंने कृषि पदाधिकारी को निर्देश दिया कि कृषि मित्रों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में सतत निगरानी रखी जाए ताकि अफीम या अन्य नशीली फसलों की अवैध खेती की कोई संभावना न रहे। उपायुक्त ने आरपीएफ को निर्देश दिया कि रेलवे मार्गों पर नियमित रूप से जांच अभियान चलाया जाए, वहीं जिला

परिवहन पदाधिकारी को भी बसों और अन्य सार्वजनिक वाहनों में रैंडम जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थों की रोकथाम के लिए बहु विभागीय समन्वय आवश्यक है।समाज के हर स्तर पर जागरूकता और कठोर कार्रवाई दोनों साथ चलें।इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि वे अपने अपने क्षेत्रों में दवा दुकानदारों के साथ बैठक कर उन्हें प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री से सख्ती से परहेज़ करने की चेतावनी दें। उन्होंने कहा कि प्रतिबंधित सिरप और नशीली दवाओं की बिक्री करने वाले दुकानदारों पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।

