
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को पांच नवंबर को वाराणसी में होने वाली देव दीपावली की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने कहा कि देव दीपावली काशी की सनातन परंपरा, गंगा आराधना और लोक आस्था का अद्भुत संगम है। यह पर्व भारत की उस अनादि परंपरा का सजीव प्रतीक है, जहां दीप केवल ज्योति नहीं बल्कि धर्म, कर्तव्य और राष्ट्रभाव का प्रतीक हैं। योगी ने निर्देश दिया कि देव दीपावली का आयोजन इस तरह किया जाए कि यह भारत की सांस्कृतिक आत्मा और आध्यात्मिक चेतना का विश्व संदेश बने। उन्होंने कहा कि इस बार का आयोजन ‘क्लीन काशी, ग्रीन काशी, डिवाइन काशी’ की भावना को साकार करे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि गंगा महोत्सव और देव दीपावली की सभी तैयारियां समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरी की जाएं। घाटों की प्रकाश सज्जा, दीपदान, सांस्कृतिक कार्यक्रम और जनसहभागिता की तैयारियों में श्रद्धा, अनुशासन और सौंदर्य का संतुलन झलकना चाहिए। साथ ही, भीड़ नियंत्रण, सुरक्षा, स्वच्छता और यातायात प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।

