धनबाद में सोमवार को सोनोत संथाल समाज ने कुड़मी समाज की अनुसूचित जनजाति (ST) में शामिल होने की मांग के विरोध में विशाल जनाक्रोश रैली निकाली। ममको मोड़ पर आयोजित रैली में हजारों की भीड़ जुटी। समाज के अध्यक्ष सनातन सोरेन ने कहा कि कुड़मी समाज की ST मांग पूरी तरह गैर-संवैधानिक और राजनीतिक साजिश है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह आंदोलन भाजपा और आजसू द्वारा प्रायोजित है, जिसका उद्देश्य झारखंड में अशांति फैलाना और वोट का ध्रुवीकरण करना है। सोरेन ने कहा कि कुड़मी जाति एक

कृषक वर्ग है और CNT एक्ट व ऐतिहासिक अभिलेखों में इसे कभी भी जनजाति के रूप में सूचीबद्ध नहीं किया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि आदिवासी समाज अपने अधिकारों और अस्मिता की रक्षा के लिए किसी भी आंदोलन से पीछे नहीं हटेगा। रैली में कई प्रमुख आदिवासी नेताओं की उपस्थिति रही और केंद्र सरकार से मांग की गई कि इस प्रस्ताव को तुरंत खारिज किया जाए।

