आज चैनपुर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत भगवानपुर प्रखंड के टोड़ी पंचायत के सुअरा नदी के भाड़ाखांड़ में पुल का शिलान्यास किया गया। इस पुल का शिलान्यास बिहार सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के करकमलों से हुआ। इस अवसर पर हजारों ग्रामीणों की उपस्थिति ने इस पुल को और भी ऐतिहासिक बना दिया। पिछले 50 वर्षों से पुल का सपना देख रहे ग्रामीणों के लिए आज का दिन एक मील का पत्थर साबित हुआ है। इस पुल के निर्माण से उन गांवों के अलावे उन किसानों को काफी सुविधा मिलेगी तथा बीच आवागमन की नई राह खुलेगी, जिन्हें आज तक संचार के लिहाज से कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। यह पुल लगभग 4 करोड़ 44 लाख रुपये की लागत से बनेगा, जिसकी लम्बाई 160 फीट और चौड़ाई 24 फीट होगी। यह पुल ग्रामीणों के लिए न केवल एक संरचनात्मक विकास का प्रतीक होगा, बल्कि आसपास के कई गांवों के जीवन में भी एक नई ऊर्जा का संचार करेगा। इस पुल के बनने से भगवानपुर, टोड़ी, परमालपुर, खिरी, बसंतपुर, सुगीयापोखर, मोहनपुर सहित दर्जनों गांवों के बीच संपर्क स्थापित होगा। अब इन गांवों के लोग आसानी से एक दूसरे से जुड़ सकेंगे, जिससे उनकी सामाजिक और आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा। इस ऐतिहासिक

कार्यक्रम में RWD विभाग के सहायक अभियंता, कनीय अभियंता, जदयू के जिला अध्यक्ष अजय सिंह पटेल, प्रखंड अध्यक्ष अंशु सिंह, चैनपुर प्रखंड अध्यक्ष राजेश सिंह, मंत्री जिला प्रतिनिधि चंद्रशेखर गिरी, मोती राम BDC, सरैया पंचायत के मुखिया मंटु पांडेय, शुकर कुशवाहा, जगदीश कुशवाहा, बाला पाल, महबूब अंसारी, सतेन्द्र यादव, दीपक चौरसिया,उदय कुशवाहा, उमा पासवान, विजय यादव, नान्हु दुबे और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के साथ सैकड़ों ग्रामीण भी मौजूद थे। ग्रामीणों का उत्साह और समर्थन शिलान्यास समारोह में उपस्थित ग्रामीणों ने इस ऐतिहासिक परियोजना के लिए राज्य सरकार और मंत्री मोहम्मद जमा खान का आभार व्यक्त किया। उन्होंने इस पुल के बनने से अपनी जिंदगी में एक नई दिशा मिलने की बात की और पुल निर्माण के लिए अपनी पूरी शुभकामनाएं दी। आज का शिलान्यास समारोह क्षेत्र के विकास की ओर एक और महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है। यह पुल न केवल सड़कों के बीच की दूरी को कम करेगा, बल्कि विकास की नई उम्मीदों का द्वार खोलेगा। इस पुल का निर्माण क्षेत्र की सामाजिक-आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाएगा और चैनपुर विधानसभा क्षेत्र में एक नया परिवर्तन लाएगा।

