अमेरिका ने यमन में हूती विद्रोहियों पर मंगलवार को हवाई हमले किए, जिनमें 2 लोगों की मौत हो गई और 12 से अधिक लोग घायल हुए। यह हमले 10वें दिन भी जारी हैं, और इनके रुकने के कोई संकेत नहीं हैं। अमेरिका का मकसद विद्रोहियों को निशाना बनाना और उनके प्रमुख समर्थक ईरान पर दबाव डालना है। हूती विद्रोही समूह ने लाल सागर से गुजरने वाले जहाजों को निशाना बनाने की चेतावनी

दी थी। अमेरिकी हमलों में हूती नेतृत्व के कई अहम सदस्य मारे गए हैं, और उनके संचार केंद्र, हथियार निर्माण इकाइयों और ड्रोन निर्माण सुविधाओं को भी निशाना बनाया गया है। हूती विद्रोही यमन के शिया ‘जैदी’ समुदाय से हैं और खुद को ईरान समर्थक बताते हैं।