
गुजरात के द्वारका शहर से 35 किलोमीटर दूर बेट द्वारका में पिछले 8 दिनों से बुलडोज़र चलाया जा रहा है। सरकार का कहना है कि अभियान के तहत अवैध घरों और पूजा स्थलों को नष्ट किया जा रहा है, जबकि स्थानीय लोग दावा कर रहे हैं कि वे सालों से यहां रह रहे थे और अब उनका घर टूट जाने के बाद कोई ठिकाना नहीं बचा। प्रशासन के अनुसार, बालापार इलाके में बने 300 घर “सरकारी ज़मीन पर अवैध ढांचे” थे, इसलिए उन्हें बुलडोज़र और अन्य मशीनों से तोड़ दिया गया। जनवरी के पहले सप्ताह में लोगों को नोटिस दिए गए थे और 11 से 17 जनवरी के बीच यह कार्रवाई जारी रही। यह कार्रवाई मुख्यतः मछुआरे समुदाय के घरों पर की गई, जबकि 20 हिंदू परिवारों के घर भी ढहाए गए और 16 जनवरी तक कई धार्मिक ढांचों को भी तोड़ा गया। स्थानीय लोग दुखी हैं और अपनी आपबीती सुना रहे हैं, क्योंकि उनके पास अब कोई ठिकाना नहीं बचा।