बच्चियों के उतरवाएं शर्ट,फिर भी कार्मेल स्कूल फर्स्ट। जी हां धनबाद के डिगवाडीह 12 नंबर स्थित माउंट कार्मेल स्कूल जो कि एक मिशनरी स्कूल है,हमेशा से ही अपने उग्र व्यवहार और अनुचित अनुशासन को लेकर विवाद में रहा है यहां तक कि अभिभावक भी समय समय पर डांट फटकार सुनते, सहते और अपने बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए सब कुछ बर्दाश्त करते आएं हैं हद तो 9 जनवरी को हो गई जब स्कूल की छात्राएं pen day मनाने के क्रम में एक दूसरे के शर्ट पर साइन कर रही थीं प्रिंसिपल ने लगभग 100 लड़कियों को इसके लिए जो दंड सुनाया वो सबको शर्मसार करने वाली है प्रिंसिपल ने सभी लड़कियों को अपना अपना शर्ट उतार कर घर जाने के लिए कहा। एक महिला होकर लड़कियों को इस प्रकार से प्रताड़ित करना किसी के भी समझ से परे है । स्कूल या संस्था की प्रतिष्ठा यदि लड़कियों से बढ़कर है तो वहां लड़कियों का क्या काम? ये बात धनबाद के तमाम अभिभावकों को सोचना चाहिए जो उसी स्कूल में अपने बच्चों का एडमिशन करवाने के लिए परेशान रहते हैं तरह तरह की पैरवी करवाते हैं डोनेशन देते हैं, और कहीं उनके बच्चियों को उस स्कूल से निकाल न दिया जाए इस भय से स्कूल की हर शर्त को मानते हैं।

फिलहाल यह मामला इतना तूल पकड़ चुका है कि क्या पक्ष क्या विपक्ष,क्या नेता और क्या सामाजिक संस्था अभिभावक भी आर पार की लड़ाई के मूड में नजर आते हैं । विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के नेता रमेश पांडे भी मौका भुनाने का कोई मौका छोड़ना नहीं चाहते हैं प्रिंसिपल का पुतला दहन किया और सुनिए क्या कहा। सबसे मजे की बात तो यह है RSS और विश्व हिंदू परिषद को आतंकवादी संगठन कहने वाली कांग्रेस भी सुर में सुर मिलाते हुए नजर आई । अब देखना यह होगा कि अभिभावक की आँखें खुलती है अथवा नहीं क्योंकि सक्षम लोगों के लिए ये स्कूल आज भी हज़ारों बेइज्जती सहने के बाद भी पहली पसंद बनी हुई है और लोग बड़े गर्व से कहते हैं कि मेरी बेटी कार्मेल स्कूल में पढ़ती है प्रस्तुत है सहयोगी संदीप दत्ता और परविंदर सिंह के साथ पंकज सिन्हा की रिपोर्ट धनबाद से।