जिले में खनन सामग्री का परिवहन करने वाले ट्रैक्टर एवं अन्य व्यावसायिक वाहनों की मनमानी पर रोक लगाने के लिए जिला परिवहन विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। उपायुक्त मेघा भारद्वाज के आदेश पर जिला परिवहन पदाधिकारी मोहम्मद मोजाहिद अंसारी के नेतृत्व में शुक्रवार को बाजार समिति फील्ड के मुख्य गेट स्थित पेट्रोल पंप के समीप वाहन मालिकों एवं चालकों को सड़क सुरक्षा और मोटर वाहन अधिनियम के नियमों का पालन करने की सख्त हिदायत दी गई। इस दौरान जिला परिवहन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि बाजार समिति फील्ड के मुख्य गेट के सामने मुख्य सड़क पर ट्रैक्टर या अन्य व्यावसायिक वाहनों का पड़ाव पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। वाहनों को सड़क से लगभग 20 से 50 मीटर की दूरी पर निर्धारित सुरक्षित स्थान पर ही खड़ा करना होगा, ताकि यातायात बाधित न हो। उन्होंने निर्देश दिया कि गिट्टी, चिप्स, बालू और डस्ट सहित अन्य खनन सामग्री का परिवहन तिरपाल से ढककर ही किया जाए। निर्धारित क्षमता से अधिक माल लादने तथा ट्रॉली की डाला बॉडी से अतिरिक्त ऊंचाई तक सामग्री भरने पर कार्रवाई होगी। प्रत्येक वाहन चालक के पास वैध खनन चालान की मूल हार्ड कॉपी रखना अनिवार्य होगा।

मोबाइल में चालान की फोटो या डिजिटल कॉपी मूल दस्तावेज का विकल्प नहीं मानी जाएगी। विभाग ने ट्रैक्टर एवं ट्रॉली की बॉडी में अतिरिक्त एंगल, पटरा या अन्य सामग्री लगाकर अवैध बदलाव करने पर भी रोक लगाई है। जांच के दौरान ऐसा पाए जाने पर वाहन जब्त करने सहित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा वाहन का रजिस्ट्रेशन, इंश्योरेंस, प्रदूषण प्रमाणपत्र, फिटनेस, चालक का ड्राइविंग लाइसेंस और ट्रॉली से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेज वैध एवं अद्यतन रखने का निर्देश दिया गया है। ट्रॉली पर पंजीकरण संख्या भी स्पष्ट रूप से अंकित होनी चाहिए। जिला परिवहन पदाधिकारी ने ओवरस्पीड, लापरवाही से वाहन चलाने, वाहन परिचालन के दौरान मोबाइल फोन या हेडफोन का इस्तेमाल करने तथा नशे की हालत में वाहन चलाने पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी। गंभीर उल्लंघन की स्थिति में चालक के ड्राइविंग लाइसेंस के निलंबन अथवा निरस्तीकरण की कार्रवाई भी की जा सकती है। उन्होंने वाहन मालिकों एवं चालकों को बिचौलियों और दलालों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा कि परिवहन कार्यालय के किसी पदाधिकारी या कर्मचारी के नाम पर जांच से छूट दिलाने अथवा अनुचित सुविधा उपलब्ध कराने के नाम पर पैसे मांगने वाले व्यक्तियों की सूचना तत्काल जिला परिवहन पदाधिकारी को दें। ऐसे लोगों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
