जल जीवन मिशन के तहत पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल की ओर से सोमवार को महेशपुर प्रखंड की बासकेंद्री पंचायत अंतर्गत बासकेंद्री गांव में ‘जल अर्पण’ गतिविधि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों को जल संरक्षण, भूजल रिचार्ज, जल प्रबंधन और स्वच्छ पेयजल के महत्व के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रखंड प्रमुख शुभ लक्ष्मी मुर्मू, पंचायत मुखिया निर्मल हेंब्रम एवं पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल, पाकुड़ के कार्यपालक अभियंता अनंत प्रसाद सिंह ने संयुक्त रूप से किया।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रखंड प्रमुख शुभ लक्ष्मी मुर्मू ने कहा कि “जल नहीं तो जीवन नहीं।” उन्होंने कहा कि सुरक्षित एवं पर्याप्त पेयजल मानव जीवन की मूलभूत आवश्यकता है। जल जीवन मिशन के तहत ‘हर घर नल से जल’ योजना के माध्यम से ग्रामीण परिवारों तक शुद्ध पेयजल पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से जल संरक्षण और जल के विवेकपूर्ण उपयोग के साथ पेयजल योजनाओं के संचालन एवं रखरखाव में सक्रिय भागीदारी की अपील की।

कार्यपालक अभियंता अनंत प्रसाद सिंह ने ‘जल अर्पण’ गतिविधि के महत्व की जानकारी देते हुए भूजल रिचार्ज, वर्षा जल संरक्षण, जल प्रबंधन, अनावश्यक जल दोहन पर रोक तथा पेयजल की नियमित गुणवत्ता जांच के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने पेयजल योजनाओं के सुचारू संचालन एवं रखरखाव के लिए सामुदायिक सहभागिता को आवश्यक बताया। साथ ही गृह संयोजक शुल्क के रूप में ₹310 एकमुश्त तथा ₹62 प्रतिमाह जलकर जमा करने की अपील की।मुखिया निर्मल हेंब्रम ने पेयजल योजनाओं के संचालन एवं रखरखाव, वर्षा जल संचयन और जलकर भुगतान के संबंध में ग्रामीणों को जागरूक किया। उन्होंने कहा कि विभाग और ग्रामीणों के बीच बेहतर समन्वय से ही पेयजल योजनाओं को लंबे समय तक प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सकता है। कार्यक्रम के दौरान जिला समन्वयक आईईसी इमरान आलम के नेतृत्व में प्रभात फेरी, जल यात्रा, जल शपथ, जल श्रृंगार एवं जल बंधन जैसी विभिन्न जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं। इस अवसर पर पंचायत में संचालित सभी 10 पेयजल योजनाओं का हस्तांतरण ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति को किया गया, ताकि योजनाओं के संचालन एवं रखरखाव में स्थानीय समुदाय की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।कार्यक्रम के दौरान नापित पाड़ा, कुचा टोला, साहा टोला एवं मस्जिद टोला के ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक जलकर जमा किया। जलसहिया आशा देवी ने लाभुकों को जलकर की प्राप्ति रसीद उपलब्ध कराई। मौके पर कुल ₹1,700 जलकर के रूप में संग्रहित किया गया।

