मुंबई के प्रसिद्ध जुहू बीच पर मानसून के दौरान समुद्र से बहकर आए कचरे ने गंभीर पर्यावरणीय चिंता पैदा कर दी है। पिछले 10 दिनों में बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने जुहू बीच से करीब 1,800 टन कचरा हटाया है। समुद्र की ऊंची लहरों के साथ प्लास्टिक, थर्माकोल, लकड़ी, कपड़े और अन्य ठोस अपशिष्ट बड़ी मात्रा में किनारे पर जमा हो गए, जिससे बीच की तस्वीर पूरी

तरह बदल गई। बीएमसी की टीमें लगातार सफाई अभियान चला रही हैं और भारी मशीनों की मदद से कचरा हटाया जा रहा है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि समुद्र और समुद्र तटों पर कचरा न फेंकें तथा स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें। विशेषज्ञों का कहना है कि समुद्र में प्लास्टिक और अन्य अपशिष्ट फेंकने की बढ़ती प्रवृत्ति समुद्री पर्यावरण और जीव-जंतुओं के लिए गंभीर खतरा बनती जा रही है।

