धनबाद में विकास की 10 बड़ी योजनाओं का खाका तैयार, 60 लाख से शौचालयों का होगा कायाकल्प; हीरापुर मार्केट में बनेंगी 1000 नई दुकानें। बुधवार को मेयर संजीव सिंह की अध्यक्षता में आयोजित नगर निगम बोर्ड की सामान्य बैठक में शहर के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा हुई। बैठक में जहां एक ओर 60 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक एवं मॉड्यूलर शौचालयों के जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण की योजना सामने आई, वहीं दूसरी ओर अर्बन चैलेंज फंड के तहत पीपीपी मॉडल पर 10 बड़ी विकास परियोजनाओं की डीपीआर तैयार कराने का प्रस्ताव भी रखा गया। शहर के प्रमुख व्यावसायिक केंद्र हीरापुर मार्केट के पुनर्विकास की योजना बैठक के प्रमुख एजेंडों में शामिल रही। प्रस्ताव के अनुसार मार्केट का तीन चरणों में विकास किया जाएगा। इसके तहत करीब एक हजार व्यावसायिक दुकानों का निर्माण प्रस्तावित है। योजना पूरी होने पर हीरापुर मार्केट को नए और आधुनिक स्वरूप में विकसित करने की दिशा में काम आगे बढ़ सकेगा। प्रस्तावित 10 बड़ी योजनाओं में कतरास के लिलोरी स्थान में अंतरराज्यीय बस अड्डे का निर्माण भी शामिल है। इसके अलावा बरटांड़ बस स्टैंड के उन्नयन, ट्रैफिक लाइट और सीसीटीवी व्यवस्था के संचालन के लिए इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर स्थापित करने की योजना है।

इन परियोजनाओं की डीपीआर तैयार कराने के लिए जुडको, रांची को प्रस्ताव भेजने की स्वीकृति मांगी गई। व्यावसायिक बाजार, विवाह भवन एवं बहुउद्देशीय भवन, आधुनिक स्मार्ट टाउन हॉल, दामोदर रिवरफ्रंट विकास योजना और इंडोर स्टेडियम निर्माण जैसे प्रस्ताव भी शामिल किए गए हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य शहर में नागरिक सुविधाओं, मनोरंजन, खेल और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए बेहतर आधारभूत संरचना विकसित करना है। अभियंत्रण शाखा की ओर से निगम क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में स्थित सामुदायिक और मॉड्यूलर शौचालयों की मरम्मत, जीर्णोद्धार एवं सौंदर्यीकरण के लिए 60 लाख रुपये खर्च करने का प्रस्ताव रखा गया। यह काम सुलभ इंटरनेशनल सोशल सर्विस ऑर्गेनाइजेशन के माध्यम से कराया जाना प्रस्तावित है। इसके साथ ही वार्ड 55 के जमाडोबा बस्ती और सिंदरी में पीसीसी सड़क एवं नाली निर्माण की योजनाओं में विचलन को स्वीकृति देने का प्रस्ताव रखा गया। वार्ड 47 में राधा काली मंदिर के समीप कलवर्ट निर्माण तथा वार्ड 18 में सामुदायिक भवन के पास सड़क और नाली सुधार का एजेंडा भी शामिल रहा। बैठक में स्थापना शाखा की ओर से संविदा और दैनिक वेतन पर कार्यरत कर्मचारियों के सेवा विस्तार का प्रस्ताव रखा गया। इसमें लेखापाल, लेखा सहायक, सहायक, कंप्यूटर ऑपरेटर, स्वच्छता पर्यवेक्षक, स्वच्छता मित्र और कनीय अभियंता सहित विभिन्न पदों के कर्मचारी शामिल थे। कनीय अभियंताओं को दो माह का सेवा विस्तार दिया गया। वहीं सेनेटरी एवं फूड इंस्पेक्टर का मासिक मानदेय 20 हजार रुपये से बढ़ाकर 25 हजार रुपये करने का प्रस्ताव रखा गया, जिसे मंजूरी नहीं मिली। प्रस्तुत है पंकज सिंहा की रिपोर्ट धनबाद से।

