उपायुक्त श्री हेमन्त सती की अध्यक्षता में कोल कंपनी, आधारभूत संरचना एवं राजस्व विभाग की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न सड़क निर्माण परियोजनाओं की प्रगति, भूमि अधिग्रहण, मुआवजा भुगतान, कोल परियोजनाओं की स्थिति तथा राजस्व विभाग के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने एवं निर्धारित समय-सीमा के भीतर लक्ष्यों को पूरा करने का निर्देश दिया। एनएच-2 बरही-चौपारण सड़क निर्माण कार्य में तेजी लाने का निर्देश बैठक में उपायुक्त ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के परियोजना निदेशक से एनएच-2 के बरही-चौपारण सड़क मार्ग के निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने सड़क निर्माण कार्य में तेजी लाने तथा निर्माण कार्य को गंभीरता से पूरा करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने कहा कि संबंधित क्षेत्रों में लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं। ऐसे में सड़क सुरक्षा मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सड़क सुरक्षा प्रावधानों के तहत एनएच-2 में कार्यरत संवेदक की लापरवाही पर प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया। सड़क निर्माण परियोजनाओं के लिए संरचनाओं एवं भूमि अधिग्रहण से प्रभावित रैयतों को मुआवजा भुगतान की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को दिया गया। 26 जनवरी तक 80 प्रतिशत रैयतों को मुआवजा भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश रोड कंस्ट्रक्शन डिवीजन की समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने भू-अर्जन विभाग के माध्यम से किए जा रहे मुआवजा भुगतान एवं विभिन्न

परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि आगामी 26 जनवरी तक कम से कम 80 प्रतिशत प्रभावित रैयतों को मुआवजा भुगतान सुनिश्चित किया जाए, ताकि विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन में अनावश्यक विलंब न हो। कोल परियोजनाओं एवं पुनर्वास नीति की समीक्षा बैठक में एनटीपीसी कोल परियोजना के मुआवजा भुगतान एवं पुनर्वास नीति पर विस्तार से चर्चा की गई। बादाम कोल परियोजना के संबंध में उपायुक्त ने प्रभावित रैयतों के साथ त्रिपक्षीय वार्ता के लिए समय निर्धारित करने का निर्देश दिया। साथ ही सरकारी भूमि पर संचालित अवैध ईंट-भट्ठों को ध्वस्त करने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। इसके अतिरिक्त प्रभा एनर्जी, सीसीएल, एनएमडीसी, अदाणी सहित अन्य कंपनियों की परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को परियोजनाओं की प्रगति की नियमित निगरानी करने तथा लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। 90 दिनों से अधिक समय से लंबित म्यूटेशन मामलों की होगी जांच राजस्व विभाग की समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने सभी अंचल अधिकारियों से हल्कावार 90 दिनों से अधिक समय से लंबित म्यूटेशन मामलों की जानकारी ली तथा लंबित रहने के कारणों की समीक्षा की। उन्होंने म्यूटेशन की प्रक्रिया में गुणात्मक सुधार लाने, मामलों का समयबद्ध निष्पादन करने तथा आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी से बचाने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने अपर समाहर्ता को कटकमसांडी, कटकमदाग एवं सदर अंचल में म्यूटेशन के मामलों की जांच करने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों को सरकारी भूमि पर हो रहे अवैध अतिक्रमण पर प्रभावी रोक लगाने तथा अतिक्रमण के मामलों में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि विकास परियोजनाओं को समय पर पूरा करने, प्रभावित रैयतों को मुआवजा उपलब्ध कराने तथा राजस्व संबंधी मामलों के त्वरित निष्पादन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी संबंधित पदाधिकारी आपसी समन्वय स्थापित कर निर्धारित लक्ष्यों को समय-सीमा के भीतर पूरा करना सुनिश्चित करें। बैठक में अपर समाहर्ता श्री महेंद्र छोटन उरांव, सदर अनुमंडल पदाधिकारी श्री आदित्य पांडेय, बरही अनुमंडल पदाधिकारी श्री जोहन टुडू व अन्य उपस्थित थे।

