जामुड़िया विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत दामोदरपुर स्थित फुटबॉल मैदान मे आदिवासी समाज के द्वारा अपनी वर्षों पुरानी संस्कृति और परंपरा को आगे बढ़ाते हुए एक दिवसीय आदिवासी छाता मेले का भव्य आयोजन किया गया। पश्चिम बंगाल सरकार के जनजातीय विकास, पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री खुदीराम टुडू ने मेले का उद्घाटन किया। मेले में आसपास के अलावा दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में आदिवासी समुदाय के लोग पहुंचे। पारंपरिक वेशभूषा में सजे लोगों और रंग-बिरंगे छातों के साथ पहुचे लोग विशेष आकर्षण केंद्र रहा.लोकगीत, लोकनृत्य और पारंपरिक खान-पान ने सबका का ध्यान खींचा। आयोजकों के अनुसार, छाता मेला केवल

मनोरंजन का आयोजन नहीं, बल्कि आदिवासी समाज की एकता, भाईचारे और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखने का माध्यम है। वही इस अवसर पर मंत्री खुदीराम टुडू ने कहा कि आदिवासी भाषा, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि आदिवासी बच्चों को बेहतर शिक्षा और आवास उपलब्ध कराने की दिशा में भी सरकार प्रयासरत है। इसी क्रम में राज्य में आदिवासी विद्यार्थियों के लिए छात्रावास स्थापित किए जाने की घोषणा की गई। मंत्री के आगमन को लेकर आयोजन समिति और स्थानीय लोगों में विशेष उत्साह रहा। मेले में पारंपरिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ आदिवासी समाज की जीवनशैली और विरासत की झलक भी देखने को मिली।
